LYRIC_AAPKE DIL ME KYA HAI BATA DIJIYE_SHAYAR-ISRAR ANSARI
AAPKE DIL ME KYA HAI BATA DIJIYE_CHANDAN DAS आँख तो प्यार मे दिल की ज़बाँ होती है, सच्ची चाहत तो सदा बेज़ुबान होती है ! प्यार मे दर्द भी मिले तो कैसा घबराना, सुन है दर्द चाहत जवान होती है ! ग़ज़ल आपके दिल मे क्या है बता दीजिए – 2 यूं ना खामोश रह कर सज़ा दीजिए ! ---- या तो वादा वफ़ा आप पूरा करें, या उम्मीदों की शअम्मा बुझा दीजिए ! ---- आप को चाह कर कुछ ना चाहा कभी – 2 मेरी चाहत का कुछ तो सिला दीजिए ! ---- फूल मुरझा गए आप की चाह मे, मुस्करा कर उन्हें फिर खिला दीजिए ! ---- शायर: इसरार अंसारी गायक: चंदन दास