USNEY LOOTA HAM LUTE HAIN_उसने लूटा हम लूटे हैं, तुमसे क्या चर्चा करें_LYRIC- RAUSHAN PUKHRAJ
USNEY LOOTA HAM LUTE HAIN उसने लूटा हम लूटे हैं , तुमसे क्या चर्चा करें , हम तो रुस्वा हो चुके हैं , उसको क्यूँ रुस्वा करें ! उसने लूटा हम लूटे हैं ---- नौजवानी में सभी से , होते हैं ये हादसे , हम कहाँ के क़ैस हैं जो इश्क़ का दावा करें ! उसने लूटा हम लूटे हैं ---- जो नसीबे ग़ैर की दौलत हो उसकी क्या खुशी , क्यूँ किसी के हुस्न को , हसरत से अब देखा करें उसने लूटा हम लूटे हैं ---- ए दिले नादान तुझे , ग़म तो किसी ने दे दिया , चल किसी तबदीर से अब , ज़ब्ते ग़म पैदा करे ! उसने लूटा हम लूटे हैं ---- हमने ख़ुद अपनी ख़ता की , खूब पाई हैं सज़ा , क्या कोई कमज़र्फ़ हैं , जो हुस्न का शिकवा करे उसने लूटा हम लूटे हैं ---- शायरा- रोशन पुखराज , गायक - चन्दन दास