LYRIC_BHOOL SHAYAD BAHUT BADI KAR LEE_BASHEER BADAR
BHOOL SHAYAD BAHUT BADI KAR LEE_BASHEER BADRA भूल शायद बहुत बड़ी कर ली हम ने दुनिया से दोस्ती कर ली तुम मोहब्बत को खेल कहते हो हम ने बर्बाद ज़िंदगी कर ली उसने नज़रें बचा के देख लिया आँखों आँखों में बात भी कर ली आशिक़ी में बहुत ज़रूरी है बेवफ़ाई कभी कभी कर ली हम नहीं जानते चराग़ों ने क्यों अँधेरों से दोस्ती कर ली धड़कनें दफ़्न हो गई होंगी दिल में दीवार क्यों खड़ी कर ली ---- शायर: डॉ. बशीर बद्र