HUZUR SAHEB KE AMRITWACHAN-1_27-03-2008_हुज़ूर साहेब के अमृतवचन-1_27-03-2008

https://youtu.be/0gdj1IRVLhU

HUZUR SAHEB KE AMRITWACHAN-1_27-03-2008_हुज़ूर साहेब के अमृतवचन-1_27-03-2008

27 मार्च 2008 को सुप्रसिद्ध सूफी संत हज़रत मंज़ूर आलम शाह 'कलंदर मौजशाही' जिन्हें सभी लोग हुज़ूर साहेब के नाम से जानते वो अपने चौमासे नियाज़ और महफ़िल के दौरान अपने मुरीदों/आशिकों को इंसानियत की राह के बारे में अपने तक़रीर के माध्यम से बताते रहते थे | 27-03-2008 में उनके द्वारा प्रस्तुत किये गए अमृतवचन की रिकार्डिंग आपकी ख़िदमत में पेश है | आशा करता हूँ कि आप इसे बार बार सुनेंगे और अपने इस अमूल्य जीवन में एक नई ऊर्जा पैदा करेंगे |

शुक्रिया,


Comments

Popular posts from this blog

LYRIC_KHUDA KARE KI MOHABBAT MEIN YE MAQAAM AAYE_SHAYAR-TASLEEM FAZLI

PIYA NAHI JAB GAON ME_NIDA FAZLI_LYRIC

LYRIC_AGAR HAM KAHEN AUR WO MUSKURA DE_SUDARSHAN FAQIR